बेयर क्रॉपसाइंस का राजस्व दूसरी तिमाही में 19% घटा, कर पूर्व लाभ में 6% बढ़ोतरी

बेयर क्रॉपसाइंस का दूसरी तिमाही में राजस्व 19% घटकर 1250.7 करोड़ रुपये रह गया, जबकि कर पूर्व लाभ 6% बढ़कर 211.4 करोड़ रुपये हो गया। असमान मानसून और मक्के का रकबा घटने से मांग प्रभावित हुई। कंपनी ने 90 रुपये प्रति शेयर अंतरिम लाभांश घोषित किया है।

बेयर क्रॉपसाइंस लिमिटेड (BCSL) ने 30 सितंबर, 2026 को समाप्त वित्त वर्ष 2026-27 की दूसरी तिमाही में परिचालन से प्राप्त राजस्व में सालाना आधार पर 19% की गिरावट दर्ज की। कंपनी का राजस्व घटकर 1250.7 करोड़ रुपये रह गया। हालांकि, बेहतर मार्जिन और लागत दक्षता के चलते कर पूर्व लाभ (PBT) 6% बढ़कर 211.4 करोड़ रुपये हो गया। पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में कंपनी का राजस्व 1553.4 करोड़ रुपये और कर पूर्व लाभ 200.3 करोड़ रुपये था।

वित्त वर्ष 2026-27 के पहले छह महीने में कंपनी का परिचालन राजस्व 11% घटकर 3085.7 करोड़ रुपये पर आ गया, जो पिछले वर्ष की समान अवधि में 3468 करोड़ रुपये था।पहली छमाही में कर पूर्व लाभ 15% बढ़कर 613.5 करोड़ रुपये हो गया, जबकि पिछले वर्ष यह 535.5 करोड़ रुपये था।

बेयर क्रॉपसाइंस लिमिटेड के वाइस चेयरमैन, प्रबंध निदेशक एवं सीईओ साइमन वीबुश ने कहा कि तिमाही के दौरान कंपनी को चुनौतीपूर्ण कारोबारी माहौल का सामना करना पड़ा। असमान मानसून के कारण बुवाई प्रभावित हुई जिसका फसल सुरक्षा उत्पादों की मांग पर असर पड़ा। इसके साथ ही मक्के का रकबा भी कम रहा।

उन्होंने कहा कि कंपनी अपने उत्पाद पोर्टफोलियो को मजबूत करने, नए इनोवेशन का विस्तार करने और कृषि क्षेत्र के विभिन्न भागीदारों के साथ मिलकर किसानों की उत्पादकता एवं जलवायु परिस्थितियों के प्रति सहनशीलता बढ़ाने पर ध्यान दे रही है।

कंपनी के कार्यकारी निदेशक एवं मुख्य वित्तीय अधिकारी (सीएफओ) विनीत जिंदल ने कहा कि शुद्ध लाभ दूसरी तिमाही में 9% और पहली छमाही में 13% बढ़ा। मक्का बीज उत्पादन में बेहतर उपज और लागत दक्षता से सकल मार्जिन में सुधार हुआ।

हालांकि, कमजोर बाजार मांग के बीच मक्का बीज उत्पादन की अधिक मात्रा के कारण इन्वेंट्री बढ़ी। बाजार में नकदी की कमी के चलते वसूली में देरी हुई। कंपनी ने कहा कि वह कार्यशील पूंजी के अनुशासित प्रबंधन और नकदी सृजन को मजबूत करने पर ध्यान देना जारी रखेगी।

इस बीच, कंपनी के निदेशक मंडल ने 3 नवंबर को हुई बैठक में वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 90 रुपये प्रति इक्विटी शेयर के अंतरिम लाभांश की घोषणा की। इसके लिए कुल 404.5 करोड़ रुपये का भुगतान किया जाएगा।