लगातार चार साल के मुनाफे के चलते नेफेड की नेटवर्थ पॉजिटिव हुई, 15 फीसदी लाभांश देगी

नेफेड ने पिछले चार वर्षों में लगातार मुनाफा कमाया है जिसके चलते उसकी नेटवर्थ पॉजिडिव हो गई है। नेफेड के चेयरमैन डॉ. बिजेंद्र सिंह ने नेफेड की 64वीं एजीएम को संबोधित करते हुए यह जानकारी दी। उन्होंने बताया की साल 2016 -17 के बाद से  नेफेड लगातार बेहतर प्रदर्शन कर रही है  जिसके चलते साल  2020 -21  में नेफेड की नेटवर्थ पॉजिटिव हो गई है  जो नेफेड के लिए एक अच्छी उपलब्धि है । उन्होंने कहा कि यह सब नेफेड द्वारा की गई नई पहल और सरकार के समर्थन से संभव हुआ है

नई दिल्ली, 17, सितंबर, 2021

नेशनल एग्रीकल्चर कोऑपरेटिव मार्केटिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (नेफेड) ने पिछले चार वर्षों में लगातार मुनाफा कमाया है जिसके चलते उसकी नेटवर्थ पॉजिडिव हो गई है। नेफेड के चेयरमैन डॉ. बिजेंद्र सिंह ने नेफेड की 64वीं वार्षिक आम सभा (एजीएम) को संबोधित करते हुए यह जानकारी दी।  उन्होंने बताया की साल 2016 -17 के बाद से  नेफेड लगातार बेहतर प्रदर्शन कर रही  है  जिसके चलते साल  2020 -21  में नेफेड की नेटवर्थ पॉजिटिव हो गई है  जो नेफेड के लिए एक अच्छी उपलब्धि है । उन्होंने कहा कि यह सब  नेफेड द्वारा की गई नई पहल और सरकार के समर्थन से संभव हुआ है।

डॉ. बिजेंद्र सिंह बताया कि निदेशक मंडल ने 2020-21 के लिए 15 फीसदी लाभांश के प्रस्ताव पर सहमति दी है। यह लाभांश मेंबर फेडरेशन और कोआपरेटिव को दिया जाएगा। यह बाते आज नेफेड की 64वीं वार्षिक आम सभा बैठक (एजीएम) का आयोजन नई दिल्ली में कही।

डॉ. बिजेंद्र सिंह  ने नेफेड को सार्वजनिक वितरण सहित और विभिन्न कार्यों को सौंपकर कृषि मंत्रालय ने नेफेड पर जो विश्वास व्यक्त किया औऱ निरंतर समर्थन और मार्गदर्शन दिया है उसके लिए  केंद्रीय कृषि मंत्री  नरेंद्र सिंह तोमर  सहित  कृषि मंत्रालय से जुड़े मंत्रियों और कृषि मंत्रालय को धन्यवाद दिया है। इसके साथ ही  उन्होंने  नेफेड की तरफ से सरकार को आश्वासन दिया कि नेफेड अपने कार्यों को पूरा करने के लिए कड़ी मेहनत करेगा।  नेफेड चैयरमैन ने अलग से सहकारिता मंत्रालय बनाने औऱ अमित शाह जैसे सक्षम और गतिशील नेतृत्व देने के लिए  प्रधान मंत्री को धन्यवाद दिया।

नेफेड चेयरमैन ने कहा इससे न  केवल सहकारिता आंदोलन के मुद्दों का शीघ्र समाधान होगा बल्कि कृषि, बागवानी, पशुपालन, मत्स्य पालन, चीनी  उद्योग सहित सहकारी क्षेत्र को बढ़ावा  मिलेगा।  पशुपालन, मत्स्य पालन, चीनी और बहुत कुछ,जहां सीधे तौर से किसान जुड़े हुए हैं  उनकी उन्नति  में मदद मिलेगी ।  उन्होंने कहा कि सरकार के सभी स्तर पर सहयोग से निदेशक मंडल के स्तर पर सही नीतिगत निर्णय और नेफेड के प्रबंध निदेशक, अधिकारियों और कर्मचारियों की कड़ी मेहनत से नेफेड आर्थिक रूप से प्रगति के पथ पर अग्रसर है।

उन्होंने कहा कि, 25 सितंबर, 2021 को राष्ट्रीय सहकारी सम्मेलन इंद्रप्रस्थ इंडोर स्टेडियम, नई दिल्ली में आय़ोजन किया जा रहा है जिसमें विचार किया जाएगा की समग्र विकास में सहकारी क्षेत्र  की भूमिका को कैसे औऱ बढ़ाया जाए। इसमें मुख्य अतिथि  गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह  होंगे। इस आयोजन को इफको और एनसीयूआई समन्वय से कृभको, नेफेड, अमूल और अन्य सहकारी संस्थाएं आयोजित कर रही हैं।

नेफेड के प्रबंध निदेशक संजीव कुमार चड्ढा ने एजीेम में  बताया कि साल 2020 -21 दौरान नेफेड ने 36,894.95 करोड़ का कारोबार हासिल किया औऱ 243.89 करोड़ का शुद्ध लाभ कमाया है। उन्होंने बताया कि दलहन के लिए  बफर बनाने के साथ समर्थन मूल्य पर दलहन और तिलहन खरीदारी के लिए नेफेड केंद्रीय नोडल एजेंसियों में से एक है। साल 2020-21 के दौरान 17 413.09 करोड़ की 34.56 लाख टन  तिलहन और दालों खरीद  की गयी थी।  इसमें भारत सरकार की ओर से बफर स्टॉक के लिए  पीसीएफ के अंतर्गत 529.36 करोड़ रुपये की दालों की खरीद भी शामिल है।

प्रबंध निदेशक ने बताया कि नेफेड ने एजेंसी के रूप सरकार की विभिन्न योजनाओं  प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना और आत्मनिर्भर भारत योजना  सहित एमडीएम, पीडीएस ,सशस्त्र बलो और केंद्र शासित और राज्य सरकारों को 18.76 लाख टन  प्रोसेस्ड दाल और साबुत दालों की आपूर्ति की। जिससे लगभग 20 करोड़  गरीब परिवार लाभान्वित हुए है। इससे नेफेड को 122 .10 करोड़ रुपये की आय सर्विस चार्ज के रूप में अर्जित हुई है।

संजीव कुमार चड्ढा ने बताया कि विदेश मंत्रालय के आदेश पर भारत सरकार की  ओर से नेफेड ने मालदीव, जाम्बिया, सीरिया आदि देशों को मानवीय सहायता के तौर पर 31 करोड़ के घरेलू वस्तुएं ,कृषि उत्पादों का निर्यात किया है। इसके अलावा डेढ़ लाख टन  गैर-बासमती चावल जी टु जी पहल के तहत बांग्लादेश सरकार को निर्यात किया गया है। उन्होंने कहा कि नेफेड ने  देश के विभिन्न राज्यों में  1113 करोड़ रुपये कीमत के 5.89 लाख खाद्यान्न की खरीद की, जिसमें धान, गेहूं और मक्का की शामिल हैं।

प्रबंध निदेशक ने कहा कि नेफेड के कार्य का  विस्तार हो रहा है नेफेड को कृषि मंत्रालय ने दस हजार एफपीओ गठित करने के राष्ट्रीय कार्यान्वन एजेंसी के तौर पर नियुक्त किया है। जिसका उद्देश्य किसानों को उपज के अच्छे मूल्य के लिए बाजार से सम्पर्क कर किसानों की सहायता करना है। इसके अलावा नेफेड ने राष्ट्रीय मधुमक्खी पालन  और शहद मिशन, बीज उत्पादन, बायो फर्टिलाइजर उत्पादन जैसे नये कार्यो की शुरूआत की है । जिससे नेफेड अपनी आय में बढोतरी के साथ किसानों की आय बढ़ाने में मदद कर रही है ।