अब ट्रंप ने लगाया 10 फीसदी ग्लोबल टैरिफ, बोले - भारत से ट्रेड डील पर असर नहीं

अमेरिका के सुप्रीम कोर्ट ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के वैश्विक टैरिफ को खारिज कर दिया। फैसले के तुरंत बाद ट्रंप ने 10 प्रतिशत का नया अस्थायी टैरिफ घोषित कर दिया, जो भारत समेत लगभग सभी देशों पर लागू होगा। भारत के लिए राहत यह है कि 18 प्रतिशत के बजाय अब 10 प्रतिशत टैरिफ लागू होगा। ट्रंप ने स्पष्ट किया कि भारत-अमेरिका ट्रेड डील पर इस फैसले का कोई असर नहीं पड़ेगा।

अमेरिका के सुप्रीम कोर्ट ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा पिछले साल विभिन्न देशों पर लगाए गये टैरिफ को खारिज कर दिया है। सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए ट्रंप ने 10 प्रतिशत का नया टैरिफ लगाने की घोषणा कर दी, जो भारत समेत लगभग सभी देशों पर लागू होगा। 

भारत के लिए फिलहाल राहत की बात है कि अब 18 फीसदी की बजाय 10 फीसदी टैरिफ लगेगा। ट्रंप ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले का भारत के साथ ट्रेड डील पर कोई असर नहीं पड़ेगा। अब भारत टैरिफ देगा, लेकिन अमेरिका टैरिफ का भुगतान नहीं करेगा। 

सुप्रीम कोर्ट का फैसला

अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने 6-3 के बहुमत से फैसला सुनाते हुए कहा कि राष्ट्रपति ट्रंप ने अपने अधिकार क्षेत्र से बाहर जाकर आपातकालीन कानून (IEEPA) के तहत दुनिया भर के देशों पर टैरिफ लगाने का काम किया। राष्ट्रपति को आपातकालीन स्थिति में व्यापार पर कुछ निर्णय लेना का अधिकार है, लेकिन इस तरह ग्लोबल टैरिफ लगाने का अधिकार नहीं है।  नए कर लगाने का अधिकार केवल अमेरिकी कांग्रेस के पास है। इस फैसले से अमेरिकी संसद और राष्ट्रपति के अधिकारों को लेकर भी बहस छिड़ गई है। 

ट्रंप की प्रतिक्रिया 

सुप्रीम कोर्ट के फैसले को निराशाजनक करार देते हुए ट्रंप ने उनके खिलाफ निर्णय देने वाले न्यायाधीशों की कड़ी आलोचना की। साथ ही 10 फीसदी नया टैरिफ लगाने का ऐलान कर दिया। 1974 के ट्रेड एक्ट की धारा 122 के तहत राष्ट्रपति 150 दिनों के लिए अधिकतम 15 प्रतिशत तक अस्थायी टैरिफ लगा सकते हैं।

व्हाइट हाउस के अनुसार, 24 फरवरी से लगभग सभी देशों से आयातित वस्तुओं पर 10 प्रतिशत का नया शुल्क लागू होगा। इसमें वे देश भी शामिल होंगे जिन्होंने अमेरिका के साथ व्यापार समझौते किए हैं। प्रशासन का कहना है कि 150 दिनों के भीतर कांग्रेस को हस्तक्षेप करना होगा, जिससे यह कदम फिलहाल अस्थायी है।

भारत पर असर 

सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में राष्ट्रपति ट्रंप ने एक सवाल के जवाब में कहा कि भारत के साथ व्यापार समझौते में कुछ नहीं बदला है। हम उन्हें टैरिफ का भुगतान नहीं करेंगे। अब भारत टैरिफ का भुगतान करेगा। हमने मामला पलट दिया है।  

ट्रंप के इस बयान के बाद विपक्षी दलों के नेताओं ने मोदी सरकार को घेरना शुरू कर दिया है और अमेरिका से ट्रेड डील को लेकर सवाल उठ रहे हैं। 

गौरतलब है कि ट्रेड डील के तहत अमेरिका ने भारत पर टैरिफ 50 प्रतिशत से घटाकर 18 प्रतिशत कर दिया था। अब ट्रंप के नए आदेश के बाद सभी देशों पर टैरिफ घटकर 10 फीसदी हो गया है। 

ऐसे में सवाल यह भी उठ रहा है कि क्या भारत ने अमेरिका के साथ ट्रेड डील और उसकी शर्तें मानने में जल्दबाजी की। क्योंकि सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद अमेरिका ने खुद ही सब देशों पर टैरिफ कम कर दिये। 

भारत के साथ अपने संबंधों के बारे में पूछे जाने पर ट्रंप ने पीएम मोदी की तारीफ करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के साथ उनके संबंध बहुत अच्छ हैं। लेकिन वे बहुत ज्यादा टैरिफ वसूल रहे थे।