जुलाई में खुदरा महंगाई बढ़कर 4.45%, दिसंबर 2024 के बाद सबसे ऊंचे स्तर पर; खाद्य महंगाई 5.52% हुई

जुलाई 2026 में भारत की खुदरा महंगाई बढ़कर 4.45% हो गई, जो दिसंबर 2024 के बाद सबसे अधिक है। खाद्य महंगाई भी बढ़कर 5.52% रही। अदरक, लहसुन और प्याज की कीमतों में तेज बढ़ोतरी ने खाद्य महंगाई पर दबाव बढ़ाया, जबकि आलू, टमाटर और मटर समेत कुछ सब्जियों की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई।

जुलाई में खुदरा महंगाई बढ़कर 4.45%, दिसंबर 2024 के बाद सबसे ऊंचे स्तर पर; खाद्य महंगाई 5.52% हुई

भारत की खुदरा महंगाई जुलाई 2026 में बढ़कर 4.45% हो गई, जो दिसंबर 2024 के बाद सबसे ऊंचा स्तर है। दिसंबर 2024 में खुदरा महंगाई 5.22% दर्ज की गई थी। खाद्य कीमतों में बढ़ोतरी के चलते जुलाई में खाद्य महंगाई भी बढ़कर 5.52% हो गई। राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (NSO) की ओर से जारी आंकड़ों के अनुसार, जून में खुदरा महंगाई 4.38% और खाद्य महंगाई 5.32% थी।

जुलाई में खुदरा महंगाई नौवें महीने बढ़ी। इसमें नवंबर 2025 से लगातार वृद्धि हो रही है। ग्रामीण महंगाई जून के 4.74% से बढ़कर 4.84% हो गई, जबकि शहरी महंगाई 3.93% से मामूली बढ़कर 3.96% रही। खाद्य महंगाई ग्रामीण क्षेत्रों में 5.79%, जबकि शहरी क्षेत्रों में 5.05% रही।

खाद्य कीमतें समग्र महंगाई बढ़ाने में प्रमुख कारक रहीं। उपभोक्ता खाद्य मूल्य सूचकांक (CFPI) पर आधारित खाद्य महंगाई जुलाई में 5.52% रही, जो जून के 5.32% से अधिक है। कई प्रमुख खाद्य वस्तुओं की कीमतों में तेज बढ़ोतरी दर्ज की गई। अदरक की महंगाई जुलाई में बढ़कर 83.62% हो गई, जो जून में 50.41% थी। इसी तरह लहसुन की महंगाई 35.36% रही, जबकि जून में यह 17.93% थी। प्याज की महंगाई भी तेजी से बढ़कर 22.54% हो गई, जबकि जून में यह 4.73% थी।

हालांकि, कुछ खाद्य वस्तुओं की कीमतों में गिरावट भी दर्ज की गई। जुलाई में आलू की महंगाई -16.56% रही। भिंडी, मटर और टमाटर में भी क्रमशः -5.52%, -5.27% और -4.59% की महंगाई दर्ज की गई।

व्यापक श्रेणियों में खाद्य एवं पेय पदार्थों की महंगाई 5.24% रही। रेस्तरां और आवास सेवाओं की महंगाई 7.72%, जबकि व्यक्तिगत देखभाल, सामाजिक सुरक्षा और विविध वस्तुओं एवं सेवाओं की महंगाई 14.77% रही। परिवहन में महंगाई 4.43%, कपड़े और जूते-चप्पल में 3.38% तथा आवास, पानी, बिजली, गैस और अन्य ईंधनों में 2.16% रही।

राज्यों में तेलंगाना में सबसे अधिक 6.32% खुदरा महंगाई दर्ज की गई। इसके बाद आंध्र प्रदेश में 5.72% और तमिलनाडु में 5.44% रही। उत्तर प्रदेश में खुदरा महंगाई 4.74%, जबकि दिल्ली में 2.68% रही।

NSO के अनुसार, जुलाई के आंकड़े अभी प्रारंभिक हैं। कीमतों का आंकड़ा देश के सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के 1,407 शहरी बाजारों और 1,465 गांवों से एकत्र किया गया। 

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