अमित शाह ने इफको की पारादीप इकाई में 700 करोड़ का सल्फ्यूरिक एसिड प्लांट राष्ट्र को समर्पित किया

केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने ओडिशा के पारादीप स्थित इफको (IFFCO) परिसर में सल्फ्यूरिक एसिड प्लांट–3 को राष्ट्र को समर्पित किया। लगभग 700 करोड़ रुपये की लागत से स्थापित इस संयंत्र की उत्पादन क्षमता 2,000 टन प्रतिदिन है। यह इकाई उर्वरक उत्पादन को मजबूत करेगी, कच्चे माल की उपलब्धता बढ़ाएगी और भारत के कृषि इन्फ्रास्ट्रक्चर को समर्थन देगी।

अमित शाह ने इफको की पारादीप इकाई में 700 करोड़ का सल्फ्यूरिक एसिड प्लांट राष्ट्र को समर्पित किया
पारादीप स्थित इफको प्लांट की नई ईकाई का लोकार्पण करते केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह।

केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने ओडिशा के पारादीप स्थित इफको (इंडियन फार्मर्स फर्टिलाइज़र कोऑपरेटिव लिमिटेड- IFFCO) इकाई में नये सल्फ्यूरिक एसिड संयंत्र-3 को राष्ट्र के नाम समर्पित किया। यह संयंत्र देश में उर्वरक उत्पादन को मजबूत करने और किसानों को समय पर खाद उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
 
यह नया संयंत्र लगभग 700 करोड़ रुपये की लागत से तैयार किया गया है और इसकी उत्पादन क्षमता करीब 2000 मीट्रिक टन प्रतिदिन है। इसके शुरू होने से पारादीप स्थित इफको इकाई की उत्पादन क्षमता और कार्यक्षमता में वृद्धि होगी। यह इकाई देश की प्रमुख फॉस्फेटिक उर्वरक उत्पादन इकाइयों में से एक है।
 
केन्द्रीय सहकारिता मंत्री ने कहा कि आने वाले दिनों में केंद्रीय सहकारिता मंत्रालय और ओडिशा सरकार दोनों मिलकर ओडिशा के ग्रामीण जनजीवन को समृद्ध करने का प्रयास करेंगे। उन्होंने कहा कि आज इफ्को की पारादीप इकाई में सल्फ्यूरिक एसिड संयंत्र की तीसरी स्ट्रीम का लोकार्पण किया गया है। उन्होंने कहा कि 2005 में इफ्को ने इस प्लांट को 2577 करोड़ रुपए में खरीदा था और उस वक्त इसकी क्षमता 7.5 लाख मीट्रिक टन थी। आज यह क्षमता बढ़कर 22 लाख मीट्रिक टन तक पहुँच गई है। इसमें ब्लेंडेड उर्वरक का उत्पादन लगभग 15% है और स्वदेशी डीएपी का उत्पादन 40% है।
 
अमित शाह ने कहा कि देश में फर्टिलाइजर बनाने वाले हर कारखाने और केमिकल उद्योग में जहां भी सल्फ्यूरिक एसिड की जरूरत हो, उसका उत्पादन इफ्को की पारादीप यूनिट में होना चाहिए। उन्होंने कहा कि इफ्को अब नैनो यूरिया, नैनो डीएपी और PM-PRANAM (PM Programme for Restoration, Awareness Generation, Nourishment and Amelioration of Mother Earth) योजना के माध्यम से रासायनिक उर्वरकों के अत्यधिक उपयोग में कमी लाने का आंदोलन चला रहा है, जिससे हमारी भूमि का संरक्षण होगा। उन्होंने कहा कि इफ्को इस क्षेत्र में दुनिया की सबसे बड़ी कोऑपरेटिव यूनिट बन गई है।
 
केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री ने कहा कि इफ्को जो भी कमाती है, उसका फायदा देश के 5 करोड़ किसानों तक पहुंचता है और यही इफ्को की सबसे बड़ी ताकत है। इफ्को का 41,000 करोड़ रुपए से अधिक का टर्नओवर, 3800 करोड़ रुपए से अधिक का मुनाफा और 28,000 करोड़ रुपए से अधिक की नेटवर्थ का मालिकाना हक हमारे 5 करोड़ किसानों का है और यही कोऑपरेटिव का चमत्कार है।
 
अमित शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत सरकार और ओडिशा सरकार आगामी दिनों में कोऑपरेटिव क्षेत्र के माध्यम से ओडिशा के गरीब किसानों, ग्रामीण जनजीवन और विशेषकर माताओं-बहनों को आत्मनिर्भर बनाने का काम करेंगी।
 
अमित शाह ने कहा कि सहकारिता आंदोलन भारत की ग्रामीण अर्थव्यवस्था की मजबूत आधारशिला है। उन्होंने कहा कि इफको जैसी सहकारी संस्थाएं देश के करोड़ों किसानों को सशक्त बनाने और कृषि क्षेत्र को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। सरकार सहकारिता क्षेत्र को मजबूत बनाने के लिए लगातार काम कर रही है, ताकि किसान आर्थिक रूप से मजबूत बनें और कृषि क्षेत्र आत्मनिर्भर बने। उन्होंने यह भी कहा कि उर्वरक उत्पादन से जुड़ी आधुनिक परियोजनाएं किसानों को समय पर आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराने में मदद करेंगी।
 
इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी, केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान, इफको के अध्यक्ष दिलीप संघाणी, इफको के प्रबंध निदेशक के.जे. पटेल, कई सांसद, विधायक, राज्य सरकार के मंत्री तथा केंद्र और राज्य सरकार के कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने कहा कि पारादीप में स्थापित यह नया संयंत्र ओडिशा के औद्योगिक विकास को नई गति देगा। उन्होंने कहा कि ओडिशा तेजी से औद्योगिक प्रगति कर रहा है और ऐसे बड़े प्रोजेक्ट राज्य में निवेश और रोजगार के अवसर बढ़ाने में सहायक होंगे।
 
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि इफको की यह परियोजना देश की उर्वरक उत्पादन क्षमता को और मजबूत बनाएगी। इससे किसानों को समय पर खाद उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी और कृषि क्षेत्र को मजबूती मिलेगी।
 
इफको अध्यक्ष दिलीप संघाणी ने कहा कि इफको हमेशा से किसानों की सेवा और सहकारिता आंदोलन को मजबूत करने के लिए काम करता रहा है। उन्होंने कहा कि पारादीप में सल्फ्यूरिक एसिड संयंत्र-3 की स्थापना इफको की किसानों के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाती है। इस संयंत्र के शुरू होने से उर्वरक उत्पादन के लिए आवश्यक कच्चे माल की उपलब्धता बढ़ेगी और उत्पादन प्रक्रिया अधिक प्रभावी बनेगी। उन्होंने कहा कि इफको का उद्देश्य किसानों को गुणवत्तापूर्ण उर्वरक उपलब्ध कराना और कृषि क्षेत्र को मजबूत बनाना है।
 
इफको के प्रबंध निदेशक के.जे. पटेल ने संयंत्र के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि यह आधुनिक तकनीक से तैयार किया गया है। इससे पारादीप इकाई की उत्पादन क्षमता और दक्षता बढ़ेगी और उर्वरक उत्पादन की आपूर्ति व्यवस्था और मजबूत होगी।

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